• राकेश अग्रवाल, मुलताई
मुलताई की प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति में आज वार्षिक साधारण आम सभा की बैठक का आयोजन किया गया था। इस बैठक में समिति की प्रशासक मौके पर नहीं पहुंची। जिससे किसानों ने जमकर हंगामा मचाया।
किसानों का कहना कि 3 साल के बाद बैठक का आयोजन किया जा रहा है, लेकिन खानापूर्ति कर बैठक निपटाई जा रही है। बैठक में समिति के प्रबंधक की ओर से किसानों पर दबाव बनाया जा रहा था कि प्रशासक की उपस्थिति बताकर हस्ताक्षर किए जाएं और जिन प्रस्तावों को लिया जाना है, उन्हें अनुमोदित किया जाए।
किसानों का कहना है कि उन्हें पिछले 3 सालों से समिति का हिसाब-किताब नहीं दिया गया है और किसानों की समस्या को लेकर चर्चा नहीं हो रही है। ऐसे में जब तक प्रशासक नहीं आएंगी तब तक बैठक नहीं होगी। उन्होंने इस बैठक का बहिष्कार किया है।
इस दौरान किसानों ने बैठक में जमकर नारेबाजी की और पूरे मामले की शिकायत एसडीएम सहित कलेक्टर को की जा रही है। किसान बबलू साहू, जगमोहन अग्रवाल, अजय गावंडे ने बताया कि आज दोपहर 12:30 बजे से बैठक का आयोजन किया गया था।
बैठक में प्रशासक पूनम सिंह की उपस्थिति होनी थी। लेकिन किसान 1:30 बजे तक बैठक में बैठे रहे और बैठक शुरू नहीं हुई। पूनम सिंह से फोन पर संपर्क किया गया तो उन्होंने कहा कि वह बैठक में नहीं आ सकती। वह आज मुलताई से बाहर है।
इस पर समिति के प्रबंधक एमएल नरवरे ने किसानों पर दबाव बनाया की सभी पूनम सिंह को उपस्थित बताकर बैठक शुरू कर दें। जिसको लेकर किसानों में नाराजगी आ गई और किसानों ने नारेबाजी शुरू कर दी।
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इन विषयों पर होना था अनुमोदन
• आगामी वर्ष 2024-25 को क्रिया-कलापों के अनुमोदन हेतु विचार।
• संस्था को प्राप्त संपरीक्षा रिपोर्ट वर्ष 2021-22 पर विचार एवं वार्षिक पत्र 2022-23 अनुमोदन हेतु विचार।
• शुद्ध लाभ के व्ययन हेतु विचार।
• आगामी सहकारी वर्ष 2024-25 के लिये तैयार किये गये बजट पर विचार एवं अनुमोदन।
• वित्तीय वर्ष में कार्य संचालन के कारण हुये घाटे के कारणों का परीक्षण करने हेतु विचार।
• वर्ष 2023-24 में लेखाओं की संपरीक्षा करने के लिये संपरीक्षक की नियुक्ति करने हेतु विचार।
• वर्ष 2023-24 हेतु KCC धारकों को स्वीकृत साख सीमा का अनुमोदन बाबत।
• म.प्र. सहकारी सोसायटी अधिनियम की धारा 9 (1-2) के अंतर्गत संशोधन बाबत्।
• संस्था के कर्मचारियों को भुगतान किये जा रहे वेतन के अनुमोदन हेतु विचार।
• मॉडल बॉयलाज लागू करने बाबत्।
• समिति के पुनर्गठन के संबंध में पारित प्रस्ताव के अनुमोदन बाबत्।
• अन्य विषय जो कि उपविधि के अनुसार लाया जाए, पर विचार।